अंजड~सोशल मीडिया आजकल ऑडियो, वीडियो, मैसेज व फोटो भेजने का सबसे बढिया साधन है~~

अंजड के एक परिवार ने सोशल डिस्टेंसींग के जरिये फेरे पुरे करवाकर रिश्तदारों को दिखा ऑनलाइन शादी संपन्न कि ~~

सतीश परिहार अंजड~~

सोशल मीडिया आजकल ऑडियो, वीडियो, मैसेज व फोटो भेजने का सबसे बढिया साधन है। लेकिन, अंजड के एक परिवार ने सोशल डिस्टेंसींग के जरिये फेरे पुरे करवाकर रिश्तदारों को दिखा ऑनलाइन शादी संपन्न कि है। लॉकडाउन के चलते वीडियो कॉलिंग के जरिये रस्में निभाई । अक्षय तृतीया शुभ कार्यों के लिए अच्छा मुहूर्त होता है। इस दिन हजारों मांगलिक कार्य होते हैं, लेकिन कोरोना महामारी के चलते हुए लॉकडाउन से सब कार्य स्थगित हो गए। परंतु अंजड में एक जोड़े की शादी संम्पन्न करवाने में पुर्णरूप से सोशलडिस्टेंशींग  का पालन किया गया।

अक्षय तृतीया का मुहूर्त टल नहीं जाए, इसलिए अंजड के समीप आंवली पुनर्वास में रहने वाला परमार परिवार शादी की तैयारियों में जुटा था। राहुल परमार और निकीता तोरनिया की शादी को लेकर जाने की तैयारियां कर रहे थे। वृंदा व उसका परिवार भी अपने समधियों के बारात लेकर आने की जोर-शोर से तैयारी कर रहा था, लेकिन कोरोना महामारी के चलते लॉकडाउन ने उनकी सब तैयारियों पर पानी फेर दिया। अब दोनों परिवारों ने अक्षय तृतीया के मुहूर्त पर ही बच्चों की शादी सोशल डिस्टेंसींग का पालन करते हुए के पांच लोगों कि उपस्थित और रिश्तेदारों को वीडियो कॉलिंग कर फेरे दिखाने से संपन्न कराने का फैसला किया।

बडवानी से आई दुल्हन और अंजड के दूल्हे को सज-धजकर सिर्वी समाज आई माता मंदिर में पंडित मणिशंकर पाठक ने अग्नि के समक्ष फेरे लेकर विवाह की रस्म को संपन्न किया। दूल्हे के परिजन रामलाल परमार का कहना है कि दोनों पक्षों से 2-2  रिश्तेदारों ने इस शादी में शिरकत कि है तथा शारीरिक दूरी का पालन करते हुए इस विवाह को संपन्न कराया गया। विवाह कार्यक्रम को सम्पन्न कराने के लिए दिनांक 22/04/2020 को अंजड के पेरालीगल वालेंटियर से  बात की थी तब उनके द्वारा तहसीलदार अंजड को पुरी वस्तुस्थिति से अवगत करवाने के बाद तहसीलदार श्री राजेश कोचले ने सोशल डिस्टेंसींग का पालन करते हुए आंवली के सहायक सचिव उमाशंकर पाठक  को आदेशित करते हुए अपने समक्ष लाकडाउन का पालन करते हुए शादी के समय उपस्थित रहने का कहा। जिसके बाद रविवार अक्षय तृतीया के दिन वरपक्ष के दो और वधू पक्ष के दो लोगों के अतिरिक्त वर-वधू ने मास्क पहन कर सात फेरे लिए। जिस दौरान सगे संबधियों को मोबाइल फोन पर विडीयों कालिंग के जरिए फेरे दिखाए गए।  फेरों के पुरे होने तक पेरालीगल वालेंटियर सतीश परिहार और सहायक सचिव उमाशंकर पाठक मौजूद रहे। 
शादी के कार्यक्रम में नतो मेहमान नवाजी हुई और नहीं बरातियों-घरातियों के लिए सामुहिक खाना बनाया गया। परिवार के लोगो ने तहसीलदार, पंचायत सचिव व पैरालिगल वालेंटियर का आभार व्यक्त किया।
गौरतलब है कि सनातन धर्म में वैशाख शुक्ल तृतीया तिथि को अक्षय तृतीया कहते हैं। इस दिन स्नान-दान व व्रत का विशेष महत्व होता है। तृतीया तिथि 25 अप्रैल की सुबह 10.28 बजे लग रही है, जो कि 26 को सुबह 11.12 बजे तक रहेगी। प्रदोष में तृतीया मिलने से 25 अप्रैल को परशुराम जयंती मनाई गई और उदया तिथि अनुसार अक्षय तृतीया का पर्व विधान 26 अप्रैल को मनाया गया।


Share To:

Post A Comment: